Author Name: Lekha Dalmia Date: 24-04-2026
आभार:- मैं अपने मार्गदर्शक डॉ चन्दन मिश्रा , संस्कृत विभाग के शिक्षकों एवं परिवार, अपनी मित्र आस्था मिश्रा एवं विशेष व्यक्ति के प्रति आभार व्यक्त करती हूँ जिनके सहयोग से यह शोध कार्य पूर्ण हुआ।
सार:- यह शोध कैथी लिपि में प्रयुक्त भाषाई स्वरूपों का विस्तृत विश्लेषण प्रस्तुत करता है। इसमें ऐतिहासिक, भाषाई तथा सामाजिक आयामों का अध्ययन किया गया है।
प्रस्तावना:- भारतीय लिपियों का विकास एक दीर्घ ऐतिहासिक प्रक्रिया का परिणाम है। कैथी लिपि उत्तर भारत में विकसित एक महत्वपूर्ण लिपि रही है जिसका उपयोग प्रशासनिक तथा सामाजिक कार्यों में व्यापक रूप से किया जाता था। इस शोध का उद्देश्य इसके भाषाई स्वरूपों का विश्लेषण करना है।भारतीय लिपियों का विकास एक दीर्घ ऐतिहासिक प्रक्रिया का परिणाम है। कैथी लिपि उत्तर भारत में विकसित एक महत्वपूर्ण लिपि रही है जिसका उपयोग प्रशासनिक तथा सामाजिक कार्यों में व्यापक रूप से किया जाता था। इस शोध का उद्देश्य इसके भाषाई स्वरूपों का विश्लेषण करना है।भारतीय लिपियों का विकास एक दीर्घ ऐतिहासिक प्रक्रिया का परिणाम है। कैथी लिपि उत्तर भारत में विकसित एक महत्वपूर्ण लिपि रही है जिसका उपयोग प्रशासनिक तथा सामाजिक कार्यों में व्यापक रूप से किया जाता था। इस शोध का उद्देश्य इसके भाषाई स्वरूपों का विश्लेषण करना है।भारतीय लिपियों का विकास एक दीर्घ ऐतिहासिक प्रक्रिया का परिणाम है। कैथी लिपि उत्तर भारत में विकसित एक महत्वपूर्ण लिपि रही है जिसका उपयोग प्रशासनिक तथा सामाजिक कार्यों में व्यापक रूप से किया जाता था। इस शोध का उद्देश्य इसके भाषाई स्वरूपों का विश्लेषण करना है।भारतीय लिपियों का विकास एक दीर्घ ऐतिहासिक प्रक्रिया का परिणाम है। कैथी लिपि उत्तर भारत में विकसित एक महत्वपूर्ण लिपि रही है जिसका उपयोग प्रशासनिक तथा सामाजिक कार्यों में व्यापक रूप से किया जाता था। इस शोध का उद्देश्य इसके भाषाई स्वरूपों का विश्लेषण करना है।